A) युवा उद्यमियों को मार्गदर्शन देना और अपना विनिर्माण अनुभव साझा करना।
B) नए कारोबारों को आपूर्तिकर्ताओं, डीलरों और उद्योग नेटवर्क तक पहुंच दिलाना।
C) आवागमन और विनिर्माण में नए विचारों को बढ़ावा देने के लिए कार्यक्रम शुरू करना।
D) अपने विकास पर ध्यान देना और नए कारोबारों को स्वतंत्र रूप से आगे बढ़ने देना।